Friday, April 14, 2017

Gubbare



गुब्बारों सी जिन्दगी हो गयी है
कभी मुँह फुला देती है
कभी पुस्स्स से भाग जाती है
हर हाल में देती है ख़ुशी का अहसास !!

Thursday, April 6, 2017

See Your Love


तेरी मोहब्बत तो देख ली,
अब तेरी नफरत को आज़माएंगे !
चाहेंगे तो तुझे उम्र भर,
वह तो कभी कम न कर पाएंगे !!
अब डरते हैं वो रुस्वाई से ,
उनकी नरफत को रुस्वा हम कर जायेंगे,
"नरपत " एक शाम वो बहुत रोयेंगे,
हम उन्हें बहुत याद आएंगे 


तेरी आँखें तो मेरी हैं, मैं इन को रुलाऊँ कैसे.

टूट जाये न भरम होंठ हिलाऊँ कैसे.. हाल जैसा भी है लोगों को बताऊँ कैसे.. खुश्क आँखों से भी अश्कों की महक आती है .. मैं तेरे ग़...