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jab kisi se gila


जब किसी से कोई गिला रखना, 
सामने अपने आईना रखना !
यू उजालों से वास्ता रखना, 
शमा के पास ही हवा रखना !!
घर की तामीर चाहे जैसी हो, 
इसमें रोने की कुछ जगह रखना !
मस्जिद हैं नमाज़ियों के लिए ,
अपने घर में कहीं खुद रखना !
"रस्क" मिलना जुलना जहाँ ज़रूरी हो, 
मिलने जुलने का हौसला रखना !!

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